छत्तीसगढ़ में सुरक्षा बलों और नक्सलियों में भीषण मुठभेड़, करीब 14 नक्सली ढेर, सर्च ऑपरेशन जारी

छत्तीसगढ़ में सुरक्षा बलों और नक्सलियों में भीषण मुठभेड़, करीब 14 नक्सली ढेर, सर्च ऑपरेशन जारी
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छत्तीसगढ़ में सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता मिली है....सूबे के दो अलग अगल जगहों पर हुई मुठभेड़ में करीब 14 नक्सली मारे गए हैं....सुकमा और बीजापुर जिले में सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच सुबह मुठभेड़ हो गई। जानकारी के मुताबिक नक्सलियों और सुरक्षाबलों के बीच हुई मुठभेड़ में कुल 14 नक्सली मारे गए हैं। सुकमा जिले में हुई मुठभेड़ में 12 जबकि बीजापुर जिले में भी हुई मुठभेड़ दो नक्सली मारे गए। नक्सलियों के पास से एक बोल्ट एक्शन राइफल, तीन बंदूकें, एक 12 बोर सिंगल बैरल राइफल, एसएलआर राइफल की 150 गोलियां, इंसास राइफल की 150 गोलियां, .303 राइफल की 100 गोलियां आदि बरामद किया गया हैयययय नक्सलियों ने सुरक्षाबलों को नुकसान पहुंचाने के उद्देश्य से ये हथियार छिपाकर रखे थे. लेकिन उससे पहले ही सुरक्षाबलों ने उन्हें बरामद कर लिया.

सुरक्षाबलों की टीम तड़के सुबह ही जंगलों में छापेमारी करने पहुंच गई। इस दौरान माओवादियों ने जवानों पर फायरिंग शुरू कर दी। दोनों पक्षों में करीब 1 घंटे तक मुठभेड़ चली, जिसमें 12 नक्सली मार गिराए गए। इलाके में सर्च ऑपरेशन अभी भी जारी है। ऐसे में कयास लगाए जा रहे हैं कि मौत का आंकड़ा बढ़ सकता है। सुकमा के जंगलों में हुई मुठभेड़ में खूंखार माओवादी एसीएम हितेश भी मारा गया है। हितेश 9 जून को कोंटा के पास हुए IED ब्लास्ट का मास्टरमाइंड था, जिसमें तत्कालीन एएसपी आकाश राव गिरपुंजे की जान चली गई थी। उस घटना को एसीएम हितेश ने ही अंजाम दिया था। आज जवानों ने एएसपी आकाश राव की शहादत का बदला ले लिया।

अधिकारियों ने बताया कि क्षेत्र में सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच शनिवार सुबह पांच बजे से रुक-रुक कर मुठभेड़ जारी है। अधिकारियों के मुताबिक कुल 14 नक्सलियों के शव बरामद हुए हैं।  एक अधिकारी ने बताया कि बीजापुर जिले के दक्षिणी क्षेत्र के एक जंगल में गोलीबारी हुई...जब राज्य पुलिस की एक इकाई, जिला रिजर्व गार्ड का एक दल सुबह लगभग 5 बजे इसी तरह के अभियान पर निकला हुआ था। उन्होंने बताया कि घटनास्थल से दो नक्सलियों के शव बरामद किए गए हैं। अधिकारी ने बताया कि रुक-रुक कर गोलीबारी जारी थी और आगे की जानकारी की प्रतीक्षा थी। पिछले साल छत्तीसगढ़ में सुरक्षा बलों के साथ अलग-अलग मुठभेड़ों में 285 नक्सली मारे गए थे